Sunday, 9 October, 2011

प्रभात 2

सुबह  की  पहली  किरण बोली, मैं  आई  हूँ  खुशियाँ  बिखेरने


उठ  जाओ  अब  तुमको  भी  है  अपने  दिन  और  जिंदगी  सँवारने
शुभ  दिवस 
September 14 at 8:46am

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